﻿लैव्यव्यवस्था.
2.
अब कोयी परमेश्वर लायी अनाज की भेंट को चढ़ावा चढ़ानो चाहे, त ऊ मैदा‍ चढ़ाये; अऊर ओको ऊपर तेल डाल क ओको ऊपर लुभान रखे; 
अऊर ऊ ओख हारून को टुरा को जवर जो याजक हंय लाये। अऊर अनाज की भेंट को तेल मिल्यो हुयो मैदा म सी यो तरह अपनी मुट्ठी भर क निकाले कि लुभान ओको म आय जाये; अऊर याजक उन्ख याद दिलावन वालो हिस्सा लायी वेदी पर जलाये कि यो परमेश्वर लायी सुखदायक सुगन्धित भेंट ठहरे। 
अऊर अनाज की भेंट म सी जो बच्यो रहे ऊ हारून अऊर ओको टुरावों को ठहरे; यो परमेश्वर की भेंटों म सी परमपवित्र हिस्सा होयेंन। 
“जब तय अनाज की भेंट लायी चुलो म पकायो हुयो चढ़ावा चढ़ाये, त ऊ तेल सी सान्यो हुयो अखमीरी मैदा कि रोटियां यां तेल लगायी हुयी रोटियों को होना।” 
अऊर यदि तोरो चढ़ावा तवा पर पकायो हुयो अनाज की भेंट होना, त ऊ तेल सी सान्यो हुयो अखमीरी मैदा को होना; 
ओख तुकड़ा तुकड़ा कर क् ओको पर तेल डालजो, तब ऊ अनाज की भेंट होय जायेंन। 
अऊर यदि तोरो चढ़ावा कढ़ाही म तल्यो हुयो अनाज की भेंट होना, त ऊ मैदा सी तेल म बनायो जाय। 
अऊर जो अनाज की भेंट इन चिजों म सी कोयी को बन्यो होना ओख परमेश्वर को जवर लि जावो; अऊर जब ऊ याजक को जवर लायो जाय, तब याजक ओख वेदी को जवर लि जाये। 
अऊर याजक अनाज की भेंट म सी याद दिलावन वालो हिस्सा निकाल क वेदी पर जलाये कि ऊ परमेश्वर को लायी सुखदायक सुगन्ध वालो अग्नि भेंट ठहरे; 
अऊर अनाज की भेंट म सी जो बच्यो रहे ऊ हारून अऊर ओको टुरावों को ठहरे; ऊ परमेश्वर को अग्नि भेंटों म परमपवित्र हिस्सा होयेंन। 
“कोयी अनाज की भेंट जेक तुम परमेश्वर को लायी चढ़ावो, खमीर मिलाय क बनायो नहीं जाय; तुम कभी वेदी म परमेश्वर लायी खमीर अऊर शहेद मत जलावो।” 
तुम इन ख पहली फसल को चढ़ावा कर क् परमेश्वर लायी चढ़ावो, पर हि सुखदायक सुगन्ध लायी वेदी पर चढ़ायो नहीं जाय। 
फिर अपनो सब अनाज की भेंटों ख नमकीन बनावो; अऊर अपनो कोयी अनाज की भेंट अपनो परमेश्वर को संग बन्धी हुयी वाचा को नमक सी रहित होनो नहीं देजो; अपनो सब चढ़ावा को संग नमक भी चढ़ावो। 
“यदि तय परमेश्वर को लायी पहली फसल को अनाज की भेंट चढ़ाये, त अपनी पहली फसल को अनाज की भेंट को लायी आगी म भुजी हुयी हरी-हरी लोम्ब, मतलब हरी-हरी लोम्बा को दाना ख कुस कर क् निकाल लेजो, तब अनाज ख चढ़ावो। 
अऊर ओको म तेल डालजो, अऊर ओको पर लुभान रखजो; तब ऊ अनाज की भेंट होय जायेंन। 
अऊर याजक छिलका निकाल्यो हुयो अनाज ख, अऊर तेल ख, अऊर पूरो लुभान ख याद दिलावन वालो हिस्सा कर क् ख जलाय दे; ऊ परमेश्वर लायी वेदी की अग्नि ठहरे। 
